Wednesday, November 20, 2024
जियता में नाहीं, नाहीं मुअला में अइल,बेटा ई का कइल -: विद्या सागर "सागर सनेही
9:06 AM
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जियता में नाहीं, नाहीं मुअला में अइल,
बेटा ई का कइल,
रीतियो रिवाज भूलि गइल
जबले जियल माई सबही से कहलस
बचवा हमार आई रहिया निहरलस
आवेके कहिके तूंहूं काहे नाहीं अइल
बेटा ई का कइल, रितियो...............
रुक गइली सांस, आश जिनगी के टूटल
तोहके निहारे खातिर आंख रहे खूलल
प्रीतिया के रीति त्यागी कहाँ अंझुरइल
बेटा ई का कइल रीतियो................
जीवन के साथी जब छोड़ि दिहली साथ हो
कइसे बिताइब दिनवा नइखे सुझात हो
"सागर" होइब हमार कइसे, माई के ना भइल
बेटा ई का कइल रीतियो रिवाज भुलि गइल
Sunday, September 29, 2024
गोदि में होरिलवा लेई माथे धइ घरिलवा -: शिब्बू गाज़ीपुरी
6:44 AM
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अपना खेतवा सिवनिया
गोदि में होरिलवा लेई माथे धइ घरिलवा,
धनिया चsलि दीहलि,
अपना खेतवा सिवनिया धनिया चsलि दीहलि।
डेगे-डेगे जालि धइ पतरी डगरिया,
सोहेला बदनिया प धानी रंग चूनरिया,
रूनुझूनु बाsजेले पाँव-पयजनिया, धनिया चsलि दीहलि
अपना खेतवा सिवनिया धनिया चsलि दीहलि।
झूरु-झूरु बहेला पवन पूरुवईया,
डोलेले कमरिया जइसे नदि बीच नईया,
बड़ा नीक लागेला कमर-करधनिया, धनिया चsलि दीहलि
अपना खेतवा सिवनिया धनिया चsलि दीहलि।
सगरो सिवनिया सरसोईया फुलाईल,
गोरि कs टिकूलिया में जिया अझुराइल,
करले गुलेल उनका नाके क झुलनिया, धनिया चsलि दीहलि
अपना खेतवा सिवनिया धनिया चsलि दीहलि।
Sunday, August 25, 2024
जग की पालनहार बने कैसे लगाना -: अजय त्रिपाठी
3:16 PM
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जग की पालनहार बने कैसे लगाना
झूले नंदलाल आज यशोदा के पालना
जिनके भरोसे ये जग सारा
मांग रहा मैया से दे दे सहारा
टुकुर टुकुर पालने से देख रहा ललना
झूले नंदलाल..…
पर्वत नदिया जिससे बनती
दया दृष्टि से दुनिया चलती
गिर गिर उठ उठ सीख रहा लालना
झूले नंदलाल..…
अजब रूप प्रभु अपना बनाए
रुदन करत कभी कभी मुस्काए
देती है मैया ला के खिलौना
झूले नंदलाल..…
Saturday, August 24, 2024
जन्मे है कृष्ण कन्हैया गोकुल में बाजे बधैया हो
8:07 AM
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जन्मे है कृष्ण कन्हैया गोकुल में बाजे बधैया हो,
देवकी के जन्मे कन्हैया गोकुल में बाजे बधैया हो.....
नंद मगन मन मोतिया लुटावें,
रानी जसोमति झूलना झुलावें,
देखो बाज रही घर-घर शहनईया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
सुंदर मन हर रूप सलोना,
कृष्ण की छवि में है जादू औ टोना,
देखो बलदाऊ के हैं ये भैया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
गईया बछडुआ ये खूब कुलांचें,
गोपी ग्वाल मगन होई नाचे,
देखो घर-घर में ता ता थैया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
देवकी के जन्मे कन्हैया गोकुल में बाजे बधैया हो.....
नंद मगन मन मोतिया लुटावें,
रानी जसोमति झूलना झुलावें,
देखो बाज रही घर-घर शहनईया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
सुंदर मन हर रूप सलोना,
कृष्ण की छवि में है जादू औ टोना,
देखो बलदाऊ के हैं ये भैया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
गईया बछडुआ ये खूब कुलांचें,
गोपी ग्वाल मगन होई नाचे,
देखो घर-घर में ता ता थैया,
गोकुल में बाजे बधैया हो,
जन्मे है कृष्ण कन्हैया....
Saturday, August 17, 2024
संसार है चलो यहां देख भाल केइसको बनाने वाले भी होंगे कमाल के –: धीरज कांत
4:53 AM
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संसार है चलो यहां देख भाल के
इसको बनाने वाले भी होंगे कमाल के
संसार है चलो यहा देख भाल के
करो लाख हिफ़ाज़त मगर टूटेगा एक दिन
कब तक रखोगे कांच के बर्तन संभाल के
सर ताज महलो में भूखा यहां कोई
दुनिया के सारे झगड़े है रोटी और दाल के
संसार है चलो यहा देख भाल के
काटे चुबे है पैर में और रोता भी है कोई
उनसे दुआ लो खैर के काटे निकल के
संसार है चलो यहा देख भाल के
ये रौब का ये तेज और ये ज़ोर और जवानी
कायम रहेगी ना सदा लाली ये गाल की
संसार है चलो यहा देख भाल के
इसको बनाने वाले भी होंगे कमाल के
Friday, August 16, 2024
तेरे खमोश, होंठों से, मोहब्बत, गुनगुनाती है -: अनुराधा पौडवॉल
9:42 PM
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तेरे खमोश, होंठों से, मोहब्बत, गुनगुनाती है - 2
मैं तेरा हूँ तू मेरी है, यही आवाज आती है।
तेरे खमोश, होंठों से...
तेरे ही नाम ए हमद, हमारी ज़िंदगानी है - 2
ये धरती से सितारों तक, तेरी मेरी, कहानी है
चमन से, तू जो गुजरे तो, कली भी, मुस्कुराती है - 2
मैं तेरी हुँ तू मेरा है, यही आवाज आती है
तेरे खमोश होंठों से...
जरुरी तो नहीं की, बोलने से प्यार होता है - 2
के आँखों आँखों में भी प्यार का, इजहार होता है
तेरी आँखे मेरी आँखों को ये कहकर बुलाती है -2
मैं तेरी हुँ तू मेरा है यही आवाज आती है
तेरे खमोश, होंठों से...
तेरे खमोश, होंठों से, मोहब्बत, गुनगुनाती है
मैं तेरी हुँ तू मेरा है यही आवाज आती है
तेरे खमोश होंठों से मोहब्बत गुनगुनाती है
तेरे खमोश होंठों से मोहब्बत गुनगुनाती है
ई त बेटी नहीं हई, गंगाजल हई हो ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो-:श्री कृपा शंकर शुक्ल जी
8:16 PM
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ई त बेटी नहीं हई, गंगाजल हई हो २
ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो
नईहर आ ससुरा में, उमर बटी जाला २
अरे सुखवा दुखवा में दिन कटी जाला हो
बारहों मास फरे वाला ई ऋतु फल हई हो
ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो..............
जेकरा के दान कईले अरे पपवा पराला
घुघटा सुफल जब आंचल भरी जाला
दुनु कुल तारे वाली ई तरल हई हो
ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो..............
अनपूर्णा लक्ष्मी सरस्वती कहाली
होला जब समर रणचंडी बन जाली
अरे भलही अबला कहाली ई सबल हई हो
ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो..............
ई त बेटी नहीं हई, गंगाजल हई हो २
ई परम पवित्र तुलसी दल हई हो.....
गीतकार श्री कृपा शंकर शुक्ल जी
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